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Maha Shivratri | जानिए महाशिवरात्रि का व्रत करने के नियम, विधि और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी

Maha Shivratri

जानिए महाशिवरात्रि का व्रत करने के नियम: भारत में अनेक व्रत-त्योहार आते हैं, लेकिन शिव भक्तो के लिए महाशिवरात्रि का अलग ही महत्व है। इस दिन भगवान शिव का माता पार्वती जी के साथ विवाह हुआ था।

Maha Shivratri ka Vrat Kyu Rakha Jata Hai? क्यों रखा जाता है महा शिवरात्रि का व्रत?

मान्यता है कि महाशिवरात्रि का व्रत रखने से अविवाहित महिलाओं की शादी जल्दी होती है, वहीं, विवाहित महिलाएं अपने सुखी जीवन के लिए महाशिवरात्रि का व्रत रखती हैं।

शिवरात्रि के समान पाप और भय मिटाने वाला दूसरा व्रत नही है। इसके करने मात्र से हर तरह के पाप खत्म हो जाते हैं।

शिवरात्रि पर्व भगवान् शिव के दिव्य अवतरण का मंगलसूचक है। उनके निराकार से साकार रूप में अवतरण की रात्रि ही महाशिवरात्रि कहलाती है। वे हमें काम, क्रोध, लोभ, मोह, मत्सरादि विकारों से मुक्त करके परम सुख, शान्ति ऐश्वर्यादि प्रदान करते हैं।

How to Keep Maha Shivratri Fast (महाशिवरात्रि के व्रत के नियम)

Maha Shivratri Vrat Vidhi (महा शिवरात्रि व्रत विधि)

Maha Shivratri ka Vrat Kab Khole (महाशिवरात्रि का व्रत कब खोले)

हिंदू धर्म के दूसरे त्यौहारों पर जहाँ पूजा के बाद भगवान को भोग लगा कर प्रसाद ग्रहण किया जाता है, वहीं शिवरात्रि का व्रत पूरे दिन चलता है और अगले दिन सुबह सूर्योदय के पश्चात ही इसको खोला जाता है।

महाशिवरात्रि व्रत चतुर्दशी तिथि को शुरू होता है एवं अगले दिन प्रातः काल इसको खोला जाता है। वास्तविक विधान यही है कि आपको पूरी चतुर्दशी तिथि का व्रत रखना चाहिए और विशेष रूप से रात्रि के चार प्रहर भगवान शिव की पूजा करनी चाहिए।

Maha Shivratri ke Vrat me Kya Khana Chahiye (महाशिवरात्रि व्रत में क्या खाना चाहिए)

मान्यता के अनुसार महाशिवरात्रि के समय आप जो भोजन करते हैं उसमें दाल, चावल, गेहूँ और सादे नमक का उपयोग नहीं होना चाहिए। सादे नमक की जगह आप सेंधा नमक का उपयोग कर सकते हैं।

इस व्रत में खाया जाने वाला भोजन इस प्रकार है- कुट्टू के आटे की पूरी, सिंघाड़े के आटे का हलवा, साबूदाने की खिचड़ी, खट्टे फलों को छोड़ कर सभी प्रकारों के फल।

इस दिन विधि-विधान से भगवान का पूजन कर भगवान शिव की आरती अवश्य गाए। इस महाशिवरात्रि आपका व्रत पूरे विधि-विधान के साथ सम्पूर्ण हो और भगवान शिव आप सभी भक्तो की मनोकामना पूरी करें।

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