Om Devaki Nandanay Vidmahe | ओम् देवकी नन्दनाय विद्मिहे | Krishna Gayatri Mantra: दोस्तों नमस्कार, आज हम आप लोगों को इस पोस्ट के माध्यम से शक्तिशाली कृष्ण गायत्री मंत्र (Krishna Gayatri Mantra) के बारे में बताएँगे। इस कलियुग में सकारात्मक ऊर्जा का आकर्षण और नकारात्मक ऊर्जा का पलायन के लिए यह शक्तिशाली श्री कृष्ण गायत्री मंत्र बहुत लाभदायक है।
Om Devaki Nandanaya Vidmahe
Om Devaki Nandanaya Vidmahe
Vasudevay Dhimahi
Tanno: Krishnah Prachodayat ॥
ओम् देवकी नन्दनाय विद्मिहे
ओम् देवकी नन्दनाय विद्मिहे
वासुदेवाय धीमहि,
तन्नो: कृष्णः प्रचोदयात ॥
अर्थ: ॐ मैं देवकी और वासुदेव के पुत्र और तीनो लोकों में पूज्य भगवान श्री कृष्ण का ध्यान करता हूं। जिनकी दिव्यता असीमित है, हे महान भगवान कृष्ण हमारे मार्ग को प्रकाशित करें और हमें प्रबुद्ध करें।
Credit the Video : Bhakti Bharat Ki YouTube Channel
Disclaimer: Bhakti Bharat Ki / भक्ति भारत की (https://bhaktibharatki.com) वेबसाइट का उद्देश्य किसी की आस्था या भावनाओं को ठेस पहुंचना नहीं है। इस वेबसाइट पर प्रकाशित उपाय, रचना और जानकारी को भिन्न – भिन्न लोगों की मान्यता, जानकारियों के अनुसार और इंटरनेट पर मौजूदा जानकारियों को ध्यान पूर्वक पढ़कर, और शोधन कर लिखा गया है। इस पोस्ट पर दिए गए जानकारी केवल सामान्य ज्ञान और शैक्षिक उद्देश्य के लिए बनाया गया है। यहां यह बताना जरूरी है कि Bhakti Bharat Ki / भक्ति भारत की (https://bhaktibharatki.com) इसमें चर्चा की गई किसी भी तरह जानकारी, मान्यता, सटीकता, पूर्णता या विश्वसनीयता की पूर्ण रूप से गारंटी नहीं देते। ओम् देवकी नन्दनाय विद्मिहे मंत्र का अर्थ और महत्व को अमल में लाने से पहले कृपया संबंधित योग्य विशेषज्ञ अथवा पंड़ित की सलाह अवश्य लें। ओम् देवकी नन्दनाय विद्मिहे मंत्र का उच्चारण करना या ना करना आपके विवेक पर निर्भर करता है। इस वेबसाइट पर दी गई जानकारी का उपयोग पूरी तरह से उपयोगकर्ता की अपनी ज़िम्मेदारी पर है। किसी भी प्रकार की हानि, नुकसान, या परिणाम के लिए हम प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से जिम्मेदार नहीं होंगे।

